(शहजाद अली हरिद्वार)देहरादून/रुड़की। जिलाधिकारी देहरादून सविन बंसल ने आंगनबाड़ी केंद्रों को आपूर्ति किए जा रहे राशन की गुणवत्ता को लेकर मिल रही
शिकायतों के बाद रुड़की के माडी चौक स्थित सेंट्रल गोदाम पर अचानक छापेमारी की। निरीक्षण के दौरान गोदाम में कई गंभीर अनियमितताएं सामने आईं, जिससे प्रशासन में हड़कंप मच गया।
डीएम ने बताया कि आंगनबाड़ी केंद्रों पर वितरित होने वाली खाद्य सामग्री की गुणवत्ता संदिग्ध पाई गई। खजूर और केले के चिप्स के पैकेटों पर मैन्युफैक्चर और एक्सपायरी तिथि स्पष्ट नहीं थी,
जबकि कई पैकेटों पर छपी तिथि की जगह स्टैंप लगाई गई थी। इसके अलावा कई खाद्य सामग्रियों पर निर्माण और समाप्ति तिथि का उल्लेख भी नहीं मिला।
निरीक्षण के दौरान गोदाम में बाल श्रमिक भी कार्य करते पाए गए, जिस पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जताते हुए गोदाम स्वामी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के निर्देश दिए। साथ ही यह भी सामने आया कि गोदाम में खाद्य सामग्री के भंडारण के लिए आवश्यक तापमान बनाए रखने की कोई व्यवस्था नहीं थी।
डीएम ने बताया कि दिसंबर और जनवरी के अंडों समेत अन्य खाद्य सामग्री मार्च में वितरित की जा रही थी। रजिस्टर अद्यतन नहीं मिले और आपूर्तिकर्ता द्वारा गुणवत्ता प्रमाण पत्र भी उपलब्ध नहीं कराया गया। इस दौरान आंगनबाड़ी केंद्रों के लिए निकल रहे वाहनों को रोककर खाद्य सामग्री के सैंपल भी लिए गए।


























