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मिक्चर प्लांट बना ग्रामीणों की तबाही का कारण: महादेव रोड धूल, दलदल और गड्ढों से बेहाल, जनजीवन व खेती पर संकट गहराया

(शहजाद अली हरिद्वार) हरिद्वार। मिक्चर प्लांट बना ग्रामीणों के लिए मुसीबत, खेती और जनजीवन दोनों संकट में धूल, दलदल, गड्ढे और बर्बादी—महादेव रोड पर गांववालों का फूटा गुस्सा
ग्रामीण बोले—अब डीएम से उम्मीद, नहीं तो आंदोलन तयहरिद्वार के आन्नेकी हेत्तमपुर, महादेवपुरम, साल्हापुर, पुरनपुर और सुमन नगर गांवों के लिए मिक्चर प्लांट अब विकास नहीं, विनाश का कारण बन चुका है। सड़कें गड्ढों से छलनी, खेतों पर उड़ती धूल, और बारिश में दलदल जैसी स्थिति ने ग्रामीणों को नारकीय जीवन में धकेल दिया है।महादेव रोड, जो कभी इन गांवों की जीवनरेखा थी, अब जानलेवा जाल बन चुकी है। ग्रामीणों का कहना है कि मिक्चर प्लांट के ट्रक सड़क तो तोड़ते हैं, लेकिन मरम्मत की जिम्मेदारी कोई नहीं लेता। किसानों की फसलें धूल से प्रभावित हैं। सुरेश कुमार और सुशील जैसे किसानों का कहना है कि उत्पादन आधा रह गया है और खेत तक पहुंचना भी दूभर हो गया है।

परेशान ग्रामीणों ने 16 जून को डीएम हरिद्वार मयूर दीक्षित को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने मांग की है कि सड़क का पक्कीकरण, वैकल्पिक मार्ग, धूल नियंत्रण, और फसलों के नुकसान का मुआवजा तत्काल दिया जाए।अब सवाल यह है कि प्रशासन चुप क्यों है? ग्रामीणों का आक्रोश इस बात की चेतावनी है कि अगर जल्द समाधान नहीं हुआ,

तो आंदोलन ही आखिरी रास्ता होगा। प्रशासन को चाहिए कि वे समय रहते जनता की पीड़ा को प्राथमिकता दें,

नहीं तो यह आग पूरे जिले को झुलसा सकती है।

 

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