(शहजाद अली हरिद्वार)हरिद्वार, बहादराबाद, 10 अक्टूबर 2025।श्री भुवनेश्वरी महिला आश्रम ने बहादराबाद विकासखंड के राजकीय विद्यालयों – जूनियर हाई स्कूल जमालपुर कलां, उच्च माध्यमिक विद्यालय कटारपुर और इब्राहिमपुर में “समावेशी एवं गुणवत्ता परक शिक्षा अभियान” की शुरुआत की है।
इस अभिनव पहल को M3M फाउंडेशन और DOCC–एस.पी. जैन मैनेजमेंट संस्था का सहयोग प्राप्त है। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों में समग्र व्यक्तित्व विकास के साथ उन्हें नेतृत्व, स्वास्थ्य जागरूकता और जिम्मेदारी के महत्व से जोड़ना है।
कार्यक्रम के तहत ड्रॉपआउट बच्चों की काउंसलिंग कर उन्हें दुबारा शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने की पहल की जा रही है। विद्यालयों में बाल मंत्रिमंडल का गठन कर विद्यार्थियों को प्रधानमंत्री, स्वच्छता मंत्री, शिक्षा मंत्री जैसे पदों की जिम्मेदारी दी गई है,
जिससे उनमें नेतृत्व कौशल और उत्तरदायित्व की भावना विकसित हो रही है। विद्यालय की प्रधानाचार्य श्रीमती संध्या ने बताया कि बाल मंत्रिमंडल ने विद्यालय में नई ऊर्जा का संचार किया है
और स्वच्छता मंत्री के प्रयासों से परिसर पहले से अधिक साफ-सुथरा हुआ है।कार्यक्रम में कौशल उन्नयन शिक्षा, किशोरी स्वास्थ्य जागरूकता, योग, खेल-कूद व सांस्कृतिक गतिविधियों के माध्यम से बच्चों का मानसिक तथा शारीरिक विकास सुनिश्चित किया जा रहा है।
WASH किओस्क के जरिए हाथ धोने की आदत, सुरक्षित जल और स्वच्छता पर व्यवहारिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
साथ ही क्विज़, वाद-विवाद और निबंध प्रतियोगिताएँ बच्चों में आत्मविश्वास व ज्ञान वृद्धि का साधन बन रही हैं।
श्री भुवनेश्वरी महिला आश्रम के सचिव श्री ज्ञान सिंह रावत ने कहा कि समावेशी शिक्षा अभियान का उद्देश्य हर बच्चे को समान अवसर देना है
ताकि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे। यह अभियान न केवल बच्चों को पढ़ाई से जोड़ रहा है, बल्कि उन्हें संवेदनशील, आत्मनिर्भर और जिम्मेदार नागरिक बनाने की दिशा में अग्रसर कर रहा है।













































