न्यूज़ फ्लैश
“कलियर में उर्स के बीच ज्वेलरी बाजार में भड़की भीषण आग, मची अफरा-तफरी—बाल-बाल बचीं आसपास की दुकानें” “हरियाली तीज के उल्लास संग गूंजा देशभक्ति का रंग, इमैक की महिलाओं ने सजाया यादगार महोत्सव” “समुद्र मंथन की भव्य थीम से सजेगा कुंभ का स्वागत द्वार, मंडावर से दिखेगी देवभूमि की दिव्य-सांस्कृतिक झलक” “कुंभ 2027 की तैयारियों में तेजी: पेयजल योजनाओं का दयानंद सरस्वती ने लिया जायजा, अफसरों को दिए सख्त निर्देश” “भाजपा की राष्ट्रीय टीम में उत्तराखंड का दमदार दबदबा, तीरथ रावत बने राष्ट्रीय उपाध्यक्ष—बलूनी समेत चार दिग्गजों को मिली बड़ी जिम्मेदारी” “रक्तदान की आड़ में खून का काला कारोबार! लक्सर पुलिस का बड़ा एक्शन, 27 यूनिट रक्त और ब्लड कलेक्शन उपकरण बरामद—5 आरोपी गिरफ्तार”
Home » अभियान » “हर बच्चे तक शिक्षा की रौशनी: भुवनेश्वरी महिला आश्रम का ‘समावेशी शिक्षा अभियान’ बच्चों में जगा रहा नई उमंग और नेतृत्व की भावना”

“हर बच्चे तक शिक्षा की रौशनी: भुवनेश्वरी महिला आश्रम का ‘समावेशी शिक्षा अभियान’ बच्चों में जगा रहा नई उमंग और नेतृत्व की भावना”

(शहजाद अली हरिद्वार)हरिद्वार, बहादराबाद, 10 अक्टूबर 2025।श्री भुवनेश्वरी महिला आश्रम ने बहादराबाद विकासखंड के राजकीय विद्यालयों – जूनियर हाई स्कूल जमालपुर कलां, उच्च माध्यमिक विद्यालय कटारपुर और इब्राहिमपुर में “समावेशी एवं गुणवत्ता परक शिक्षा अभियान” की शुरुआत की है। इस अभिनव पहल को M3M फाउंडेशन और DOCC–एस.पी. जैन मैनेजमेंट संस्था का सहयोग प्राप्त है। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों में समग्र व्यक्तित्व विकास के साथ उन्हें नेतृत्व, स्वास्थ्य जागरूकता और जिम्मेदारी के महत्व से जोड़ना है।कार्यक्रम के तहत ड्रॉपआउट बच्चों की काउंसलिंग कर उन्हें दुबारा शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने की पहल की जा रही है। विद्यालयों में बाल मंत्रिमंडल का गठन कर विद्यार्थियों को प्रधानमंत्री, स्वच्छता मंत्री, शिक्षा मंत्री जैसे पदों की जिम्मेदारी दी गई है, जिससे उनमें नेतृत्व कौशल और उत्तरदायित्व की भावना विकसित हो रही है। विद्यालय की प्रधानाचार्य श्रीमती संध्या ने बताया कि बाल मंत्रिमंडल ने विद्यालय में नई ऊर्जा का संचार किया है और स्वच्छता मंत्री के प्रयासों से परिसर पहले से अधिक साफ-सुथरा हुआ है।कार्यक्रम में कौशल उन्नयन शिक्षा, किशोरी स्वास्थ्य जागरूकता, योग, खेल-कूद व सांस्कृतिक गतिविधियों के माध्यम से बच्चों का मानसिक तथा शारीरिक विकास सुनिश्चित किया जा रहा है। WASH किओस्क के जरिए हाथ धोने की आदत, सुरक्षित जल और स्वच्छता पर व्यवहारिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है।

साथ ही क्विज़, वाद-विवाद और निबंध प्रतियोगिताएँ बच्चों में आत्मविश्वास व ज्ञान वृद्धि का साधन बन रही हैं।श्री भुवनेश्वरी महिला आश्रम के सचिव श्री ज्ञान सिंह रावत ने कहा कि समावेशी शिक्षा अभियान का उद्देश्य हर बच्चे को समान अवसर देना है ताकि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे। यह अभियान न केवल बच्चों को पढ़ाई से जोड़ रहा है, बल्कि उन्हें संवेदनशील, आत्मनिर्भर और जिम्मेदार नागरिक बनाने की दिशा में अग्रसर कर रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

[democracy id="1"]

Our Visitor

5 3 5 6 0 1
Users Today : 146
Users Yesterday : 523
[democracy id="1"]

Our Visitor

5 3 5 6 0 1
Users Today : 146
Users Yesterday : 523