न्यूज़ फ्लैश
BIG BREAKING:सिडकुल में बिजली संकट पर पिटकुल का ‘मिशन रिकॉर्ड टाइम’, पीसी ध्यानी की अगुवाई में खराब ट्रांसफार्मर बदला, पिटकुल-यूपीसीएल के शानदार समन्वय से विद्युत आपूर्ति बहाल BIG BREAKING:मालागूंठी में भीषण सड़क हादसा! दो वाहनों की जोरदार भिड़ंत, कार में फंसे 4 लोगों को SDRF ने रेस्क्यू कर बचाया BIG BREAKING:नदियों का रौद्र रूप! खेतों में तेज कटाव से बढ़ी दहशत, गांवों की ओर मंडराया बाढ़ का खतरा BIG BREAKING:देहरादून में बारिश का अलर्ट! प्रशासन एक्टिव, जलभराव वाले इलाकों में QRT तैनात—डीएम आशीष चौहान ने संभाली कमान BIG BREAKING:हल्द्वानी में राहुल गांधी के खिलाफ FIR से सियासी हलचल तेज, SC युवक की शिकायत पर गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज BIG BREAKING:इंसानियत की मिसाल: डा. कुर्बान अली कपासी की अंतिम इच्छा का हिंदू सहयोगियों ने रखा मान, ज्वालापुर कब्रिस्तान में पूरे सम्मान से कराया सुपुर्द-ए-खाक
Home » Uncategorized » आत्मनिर्भरता की ओर एक कदम: ग्रामीण महिलाओं को जूट उत्पाद निर्माण का प्रशिक्षण

आत्मनिर्भरता की ओर एक कदम: ग्रामीण महिलाओं को जूट उत्पाद निर्माण का प्रशिक्षण

(शहजाद अली हरिद्वार)रुड़की, 4 जून 2025।विकासखंड रुड़की के दौलतपुर गांव में ग्रामीण महिलाओं को स्वरोजगार के लिए प्रोत्साहित करने की दिशा में एक नई पहल की गई है। पंजाब नेशनल बैंक ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (पीएनबी-आरसेटी), हरिद्वार द्वारा 14 दिवसीय जूट उत्पाद निर्माण प्रशिक्षण कार्यक्रम की शुरुआत की गई है। यह प्रशिक्षण 4 जून से 17 जून 2025 तक चलेगा और इसका आयोजन एनआरएलएम के अंतर्गत गठित महिला समूहों के लिए किया गया है।यह कार्यक्रम नई राहें सीएलएफ के अंतर्गत संचालित किया जा रहा है। शुभारंभ के अवसर पर जिला परियोजना प्रबंधक संजय सक्सेना ने महिलाओं को प्रेरित करते हुए उन्हें स्वरोजगार, अनुदान, सहायता राशि और विपणन के अवसरों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि जूट कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (JCI) के माध्यम से महिलाओं को उचित मूल्य पर अच्छी गुणवत्ता का जूट उपलब्ध कराया जाएगा, जिससे उनकी आय में वृद्धि हो सके।

इसके साथ ही प्रशिक्षणार्थियों ने मेधांश के नेचुरल प्रोडक्ट आउटलेट का भ्रमण किया, जहां संस्थापक अनु बाला और सह-संस्थापक श्याम अरोरा ने महिलाओं को अपने व्यवसाय और उत्पादों के बारे में बताया। उन्होंने यह भी वादा किया कि उनके संगठन द्वारा महिलाओं से निर्मित उत्पादों को खरीदा जाएगा, जिससे उन्हें स्थानीय स्तर पर विपणन का अवसर मिलेगा।

इस पहल का उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना और आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ाना है। कार्यक्रम के माध्यम से महिलाएं न केवल एक नया कौशल सीखेंगी, बल्कि वह अपने परिवार की आय में भी योगदान दे सकेंगी।

ALSO READ  कर्तव्य के दौरान टूट गया जीवन सूत्र: हरिद्वार में अतिक्रमण हटाओ अभियान के बीच दरोगा वीरेंद्र गुसाईं का हृदयगति रुकने से निधन, पुलिस महकमे में शोक की लहर

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

[democracy id="1"]

Our Visitor

5 4 6 6 9 9
Users Today : 444
Users Yesterday : 1179
[democracy id="1"]

Our Visitor

5 4 6 6 9 9
Users Today : 444
Users Yesterday : 1179