न्यूज़ फ्लैश
BIG BREAKING: हरिद्वार जीआरपी की जन्माष्टमी में दिखा भक्ति का रंग, 120 नन्हे कलाकारों ने मचाया धमाल BIG BREAKING: पुलिस लाइन में गूंजा श्रीकृष्ण का जयकारा, CM धामी संग राज्यपाल ने मनाई भव्य जन्माष्टमी BIG BREAKING : कान्हा के रंग में रंगी हरिद्वार पुलिस! रोशनाबाद पुलिस लाइन में गूंजी कृष्ण जन्म की बधाइयां, 24 झांकियों और रंगारंग कार्यक्रमों ने लूटी महफिल BIG BREAKING:सेंट्रियो मॉल में ‘हनुमान अंश’ देखकर अभिभूत हुए CM धामी, बोले—नीम करौली बाबा की भक्ति और सेवा का संदेश आज भी प्रेरणादायी BIG BREAKING : हरिद्वार में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट, DM मयूर दीक्षित का बड़ा फैसला—5 सितंबर को सभी स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र रहेंगे बंद BIG BREAKING:हरिद्वार में बारिश का कहर, सुमननगर बना ‘तालाब’ — डीएम मयूर दीक्षित ने संभाली कमान, युद्धस्तर पर चल रहा जल निकासी अभियान
Home » जयमाला » “बहादराबाद की रामलीला में गूंजा जयकारा: भगवान श्रीराम ने तोड़ा शिव धनुष, सीता ने पहनाई जयमाला – दर्शक हुए भावविभोर”

“बहादराबाद की रामलीला में गूंजा जयकारा: भगवान श्रीराम ने तोड़ा शिव धनुष, सीता ने पहनाई जयमाला – दर्शक हुए भावविभोर”

(शहजाद अली हरिद्वार)बहादराबाद । श्री रामलीला कमेटी चौक बाजार बहादराबाद की श्रीरामलीला में धनुष यज्ञ लीला का मंचन किया गया। लीला का मंचन देख मौजूद दर्शक भावविभोर हो उठे।सोमवार देर शाम श्री रामलीला कमेटी चौक बाजार बहादराबाद की श्रीरामलीला में धनुष यज्ञ लीला का मंचन किया गया। लीला मंचन के तहत राजा जनक अपनी पुत्री सीता के स्वयंवर रखते हैं और धनुष पर प्रतिंचा चढ़ाने वाले युवराज के साथ सीता का विवाह करने के लिए देश के कोने-कोने के राजाओं को पत्र भेजकर आमंत्रित करते है। गुरू विश्वामित्र के साथ स्वयंवर में भगवान राम व लक्ष्मण भी जाते हैं। देश के कोने-कोने के बड़े-बडे़ राजा धनुष उठाने का प्रयास करते है परन्तु कोई भी धनुष को हिला तक नहीं पाता। तब जनक को क्रोध आ जाता है और कहते है कि क्या इस समय कोई भी ऐसा वीर नहीं जो इस धनुष उठा सके और दुखी भी हो जाते है कि लगता है कि सीता का स्वयंवर नहीं हो सकेगा, तभी भगवान श्रीराम गुरू विश्वामित्र की आज्ञा लेकर धनुष उठाने जाते है और भगवान धनुष को प्रणाम कर उसे उठा लेते है और प्रतिंचा चढ़ाते वक्त शिव धनुष टूट जाता है। सीता भगवान राम के गले में जयमाला डाल देती है। धनुष टूटने की सूचना जैसे ही भगवान परशुराम को होती है तो वह क्रोधित हो जाते है तभी लक्ष्मण व परशुराम के बीच संवाद होता है। भगवान राम परशुराम से क्षमा याचना करते हैं तभी परशुराम की गुस्सा शांत हो जाती है। भगवान श्रीराम का अभिनय प्रदीप कश्यप, माता सीता का अभिनय सेठी, लक्ष्मण का अभिनय शिवा, जनक का अभिनय सुधीर चौ., रावण का अभिनय देवेन्द्र जायसवाल, बाणासुर त्रिलोक चौहान, परशुराम का पंकज शर्मा, भाट का विनोद शर्मा, जोकर का सुशील शीर्षवाल ने अभिनय किया।

श्री रामलीला कमेटी चौक बाजार बहादराबाद के अध्यक्ष अनिल चौहान ने कहा कि भगवान श्रीराम के जीवन से लेकर प्रेरणा लेकर अपने जीवन में अपनायें। उन्होंने कहा कि युवा रामलीला से अच्छे संस्कार ग्रहण कर बड़े बुजुर्गों का सम्मान करें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

[democracy id="1"]

Our Visitor

5 5 0 7 5 5
Users Today : 308
Users Yesterday : 930
[democracy id="1"]

Our Visitor

5 5 0 7 5 5
Users Today : 308
Users Yesterday : 930