न्यूज़ फ्लैश
BIG BREAKING:: दीपावली से पहले खाद्य विभाग का बड़ा छापा, दो बेकरी में मिलीं गंभीर खामियां, 56 पैकेट नॉनवेज रस्क मौके पर नष्ट कराए BIG BREAKING:: दीपावली से पहले हरिद्वार में खाद्य सुरक्षा विभाग का बड़ा एक्शन! मिठाई-डेयरी दुकानों पर छापेमारी, 5 नमूने सील, दो निर्माण इकाइयों को थमाया नोटिस BIG BREAKING:: राज्यपाल डॉ. ढाल सिंह बिसेन का बड़ा संदेश—‘विविधता हमारी पहचान, एकता हमारी ताकत’, लोक भवन में गूंजा राष्ट्रीय एकता का संकल्प! BIG BREAKING:: हरिद्वार में परिवहन विभाग का महाचेकिंग अभियान! 137 वाहनों के चालान, 22 बसों पर कार्रवाई, बिना हेलमेट वालों पर भी चला विभाग का डंडा BIG BREAKING:: हरिद्वार में नशे के सौदागरों पर कसेगा शिकंजा! एडीएम जितेंद्र कुमार सख्त, नशा मुक्ति केंद्रों का होगा औचक निरीक्षण, स्कूलों में चलेगा जागरूकता अभियान BIG BREAKING:: कुंभ-2027 से पहले हरिद्वार में स्वच्छता का महाअभियान, हरकी पैड़ी पर हजारों लोगों ने उठाई झाड़ू, मेलाधिकारी सोनिका ने भी किया श्रमदान
Home » सम्मान » “पर्वतीय संघर्षों से पदक तक: चमोली की मानसी नेगी ने जर्मनी में रचा इतिहास, भारत को दिलाया विश्वस्तरीय सम्मान”

“पर्वतीय संघर्षों से पदक तक: चमोली की मानसी नेगी ने जर्मनी में रचा इतिहास, भारत को दिलाया विश्वस्तरीय सम्मान”

(शहजाद अली हरिद्वार)उत्तराखंड की होनहार बेटी मानसी नेगी ने एक बार फिर साबित कर दिया कि पहाड़ों की बेटियाँ किसी से कम नहीं होतीं। चमोली जिले के छोटे से गांव मजोठी की रहने वाली मानसी नेगी ने जर्मनी के राइन-रूहर में 16 से 27 जुलाई 2025 तक आयोजित FISU विश्व विश्वविद्यालय खेल 2025 में भारत का नाम गर्व से ऊँचा किया। उन्होंने वॉक रेस की टीम स्पर्धा में कांस्य पदक जीतकर न सिर्फ प्रदेश, बल्कि पूरे देश को गौरवान्वित किया।

मानसी का यह सफर संघर्षों से भरा रहा है। सीमित संसाधनों, कठिन भौगोलिक परिस्थितियों और आर्थिक चुनौतियों के बावजूद उन्होंने कभी हार नहीं मानी। इससे पहले उन्होंने 37वीं नेशनल जूनियर एथलेटिक्स चैंपियनशिप, गुवाहाटी में 10,000 मीटर रेस वॉक में स्वर्ण पदक जीतते हुए राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया था। 82वीं ऑल इंडिया इंटर यूनिवर्सिटी एथलेटिक्स, तमिलनाडु में भी 20 किमी वॉक रेस में उन्होंने गोल्ड मेडल अपने नाम किया।

इसके अलावा, विश्व विश्वविद्यालय खेल 2023, चेंगदू (चीन) में भी वे भारत की महिला टीम का हिस्सा रहीं और कांस्य पदक जीतने में सफल रहीं।

मानसी की यह उपलब्धियाँ न सिर्फ उत्तराखंड बल्कि पूरे भारत के युवाओं के लिए प्रेरणा हैं। यह सफलता बताती है कि अगर जुनून और मेहनत हो, तो कोई भी सपना साकार किया जा सकता है।

ALSO READ  “लोकतंत्र की मजबूती का सम्मान: इलेक्टर मैपिंग में उत्कृष्ट कार्य पर ज्वाइंट मजिस्ट्रेट दीपक रामचंद्र सेट को राज्यपाल ने किया सम्मानित”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

[democracy id="1"]

Our Visitor

6 0 1 5 4 8
Users Today : 708
Users Yesterday : 731
[democracy id="1"]

Our Visitor

6 0 1 5 4 8
Users Today : 708
Users Yesterday : 731