(शहजाद अली हरिद्वार) हरिद्वार। हरिद्वार में ई-रिक्शाओं के अवैध संचालन पर लगाम कसने के लिए परिवहन विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए सघन जांच अभियान चलाया।
जिलाधिकारी की अध्यक्षता में आयोजित जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में दिए गए निर्देशों के अनुपालन में यह विशेष अभियान लगातार जारी है।
इसी क्रम में आज जनपद के विभिन्न क्षेत्रों में बड़े स्तर पर चेकिंग अभियान चलाया गया, जिसमें 50 से अधिक ई-रिक्शाओं को नियमों का उल्लंघन करने पर सीज कर दिया गया।
इस अभियान का नेतृत्व सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) नेहा झा और सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन) निखिल शर्मा ने संयुक्त रूप से किया।
अधिकारियों की टीम ने शहर के प्रमुख मार्गों, भीड़भाड़ वाले बाजारों और संवेदनशील यातायात बिंदुओं पर तैनात होकर ई-रिक्शाओं की गहन जांच की।
जांच के दौरान पंजीकरण प्रमाण पत्र, ड्राइविंग लाइसेंस, बीमा, फिटनेस, परमिट और विभाग द्वारा निर्धारित सत्यापन मानकों को बारीकी से परखा गया।
“बिना सत्यापन अब नहीं चलेगा कोई ई-रिक्शा”
अभियान के दौरान सबसे ज्यादा ध्यान उन ई-रिक्शाओं पर दिया गया, जिन पर अनिवार्य “त्वरित अनुक्रिया (QR) कोड स्टिकर” नहीं लगा था।
बड़ी संख्या में ऐसे वाहन पाए गए, जो बिना QR कोड स्टिकर के सड़कों पर दौड़ रहे थे या जिनका सत्यापन अधूरा था। ऐसे सभी वाहनों के खिलाफ मौके पर ही सख्त कार्रवाई की गई और 50 से अधिक ई-रिक्शाओं को सीज कर दिया गया।
“नियम तोड़ने वालों पर सख्त कार्रवाई तय”
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि QR कोड स्टिकर व्यवस्था का मुख्य उद्देश्य ई-रिक्शाओं की पहचान सुनिश्चित करना, अवैध संचालन पर नियंत्रण लगाना और यातायात व्यवस्था को अधिक सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित बनाना है।
इसके माध्यम से यात्रियों की सुरक्षा भी सुनिश्चित होती है और प्रशासन को निगरानी रखने में आसानी मिलती है।
उन्होंने यह भी बताया कि बिना सत्यापन या बिना QR कोड स्टिकर वाले ई-रिक्शा न केवल यातायात व्यवस्था को प्रभावित करते हैं, बल्कि सुरक्षा के लिहाज से भी खतरा पैदा करते हैं। ऐसे वाहनों की वजह से दुर्घटनाओं और अव्यवस्था की आशंका बनी रहती है।
“ई-रिक्शा चालकों से अपील”
परिवहन विभाग ने सभी ई-रिक्शा संचालकों से अपील की है कि वे जल्द से जल्द अपने वाहनों का सत्यापन कराएं और अनिवार्य QR कोड स्टिकर प्राप्त करें।
साथ ही सभी जरूरी दस्तावेजों को अद्यतन रखना सुनिश्चित करें, ताकि किसी भी कार्रवाई से बचा जा सके।
“अभियान रहेगा लगातार जारी”
विभाग ने साफ कर दिया है कि यह अभियान केवल एक दिन तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि आगे भी लगातार जारी रहेगा। जो भी वाहन चालक नियमों की अनदेखी करते पाए जाएंगे, उनके खिलाफ कड़ी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन का कहना है कि जनपद में सुगम, सुरक्षित और व्यवस्थित यातायात व्यवस्था बनाए रखना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।
इसी दिशा में सड़क सुरक्षा समिति के निर्देशों का सख्ती से पालन कराया जा रहा है, ताकि आम जनता को बेहतर और सुरक्षित परिवहन सुविधा मिल सके।


























