(शहजाद अली हरिद्वार)डोईवाला। उत्तराखंड में भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए विद्यालयी शिक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है।
डोईवाला में तैनात प्रभारी खंड शिक्षा अधिकारी धनबीर सिंह को रिश्वत लेने के गंभीर आरोप में निलंबित कर दिया गया है। विभागीय मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल प्रभाव से निलंबन प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। शासन स्तर से जल्द ही औपचारिक निलंबन आदेश जारी किए जाएंगे।
मंत्री डॉ. रावत ने स्पष्ट कहा कि शिक्षा विभाग में भ्रष्टाचार और अनुशासनहीनता किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने दोहराया कि राज्य सरकार जीरो टॉलरेंस नीति पर प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है,
लेकिन इसके बावजूद कुछ कर्मचारी विभाग की छवि को नुकसान पहुंचा रहे हैं। ऐसे मामलों में कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है।
जानकारी के अनुसार, हाल ही में विजिलेंस टीम ने धनबीर सिंह को एक लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ गिरफ्तार किया था। इस प्रकरण को गंभीर मानते हुए उत्तराखंड सरकारी सेवक (अनुशासन एवं अपील) नियमावली, 2003 के तहत तत्काल प्रभाव से निलंबन की कार्रवाई की गई है।
मंत्री ने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि ऐसे मामलों की पुनरावृत्ति रोकने के लिए नियमित निरीक्षण किया जाए। साथ ही छात्र-छात्राओं, अभिभावकों और आमजन से फीडबैक लेकर शिक्षा व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और जवाबदेह बनाया जाए।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि विभाग के भीतर किसी भी प्रकार की अनैतिक गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई जारी रहे।


























