(शहजाद अली हरिद्वार)हरिद्वार। जनपद में सड़क सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से माननीय जिलाधिकारी महोदय द्वारा आज एआरटीओ कार्यालय का भ्रमण किया गया।
इस दौरान उन्होंने जनपद में संचालित ई-रिक्शा सत्यापन अभियान की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की तथा कार्यालय परिसर में उपस्थित ई-रिक्शा चालकों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं और सुझावों को सुना।
जिलाधिकारी महोदय ने ई-रिक्शा चालकों को सत्यापन अभियान के उद्देश्य की जानकारी देते हुए स्पष्ट किया कि यह पहल यात्रियों की सुरक्षा, अवैध संचालन पर नियंत्रण तथा पारदर्शी व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए शुरू की गई है।
उन्होंने चालकों को यातायात नियमों के सख्त पालन, सुरक्षित वाहन संचालन एवं जिम्मेदार व्यवहार अपनाने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि जनपद की सड़कों पर केवल सत्यापित चालक एवं सत्यापित ई-रिक्शा ही संचालित हों, जिससे दुर्घटनाओं और अव्यवस्था पर प्रभावी रोक लगाई जा सके।
भ्रमण के दौरान जिलाधिकारी महोदय ने सत्यापित ई-रिक्शाओं पर रूट-वाइज रंग-कोडित क्यूआर स्टिकर स्वयं चस्पा किए। यह क्यूआर स्टिकर पुलिस द्वारा चालक/मालिक सत्यापन तथा
आरआई द्वारा वाहन सत्यापन पूर्ण होने के बाद ही जारी किए जा रहे हैं। क्यूआर कोड स्कैन करने पर संबंधित ई-रिक्शा से जुड़ा पूरा सत्यापन विवरण तुरंत उपलब्ध हो जाता है।
यह अभियान जिला सड़क सुरक्षा समिति द्वारा स्वीकृत एसओपी के तहत संचालित किया जा रहा है, जिसका उद्देश्य ई-रिक्शा संचालन में अनुशासन, पारदर्शिता और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
इस अवसर पर एआरटीओ (प्रशासन) श्री निखिल शर्मा एवं एआरटीओ (प्रवर्तन) सुश्री नेहा झा भी उपस्थित रहीं। जिलाधिकारी महोदय ने अभियान की सराहना करते हुए इसे जनहित और सड़क सुरक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया तथा इसे निरंतर और प्रभावी रूप से संचालित करने के निर्देश दिए।



































